आतंकवाद को समर्थन, वित्त प्रदान करने वाले देशों को जिम्मेदार ठहराना जरूरी है – प्रधानमंत्री मोदी

नई दिल्ली, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को किर्गिस्तान के बिश्केक में आयोजित शंघाई कोऑपरेशन काउंसिल की बैठक के दूसरे दिन आतंकवाद का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद को समर्थन, वित्त प्रदान करने वाले देशों को जिम्मेदार ठहराना जरूरी है। भारत आतंकवाद से निपटने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आह्वान करता है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वर्तमान समय में लोगों के बीच संपर्क बेहद जरूरी है। आतंकवाद इस समय बड़ी समस्या बन चुकी है। आतंकवाद से निपटने के लिए एससीओ देशों को साथ आना होगा। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आधुनिक समय में बेहतर कनेक्टिविटी बहुत जरूरी है। वर्तमान समय में लोगों के बीच संपर्क बेहद जरूरी है।

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एससीओ परिषद् के राष्ट्र प्रमुखों की बैठक से पहले किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सूरोनबे जीनबेकोव से शुक्रवार को मुलाकात की। जीनबेकोव एससीओ शिखर सम्मेलन 2019 के मौजूदा अध्यक्ष भी हैं। प्रधानमंत्री मोदी शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) परिषद् के राष्ट्र प्रमुखों की बैठक से पहले ‘अला अरचा प्रेजीडेंशियल पैलेस पहुंचे जहां किर्गिस्तान के राष्ट्रपति ने उनका स्वागत किया।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने ट्वीट किया, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज सुबह एससीओ परिषद् के राष्ट्र प्रमुखों की बैठक से पहले अला अरचा प्रेंजीडेंशियल पैलेस पहुंचे, जहां किर्गिज गणराज्य के राष्ट्रपति एवं एससीओ शिखर सम्मेलन 2019 के मौजूदा अध्यक्ष सूरोनबे जीनबेकोव ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।’

भाजपा को हाल में लोकसभा चुनाव में मिली जीत के बाद मोदी के पुन: प्रधानमंत्री बनने के पश्चात् दोनों नेताओं के बीच यह पहली वार्ता है। मोदी दो दिवसीय एससीओ सम्मेलन के लिए बृहस्पतिवार को बिश्केक पहुंचे थे। एससीओ चीन के नेतृत्व वाला आठ सदस्यीय आर्थिक एवं सुरक्षा समूह है जिसमें भारत और पाकिस्तान को 2017 में शामिल किया गया था

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *